उसे खबर भी नहीं कि कोई उस पर मरता है,
उसकी एक मुस्कान के लिए, यह दिल दुआएं करता है।
उसकी आहट और मेरा सुकून
जब वो सामने से गुजरता है, तो धड़कनें थम सी जाती हैं,
मेरी सूनी आँखों में, उसकी तस्वीरें जम सी जाती हैं।
बात करने का हौसला तो कभी जुटा नहीं पाया,
पर उसकी खामोशी को भी, मैंने हमेशा अपना सा पाया।
"मोहब्बत में हक जताना तो ज़माने का दस्तूर है,
हमारा एकतरफा इश्क, बिना शर्तों के भी मखमूर है।
वो जो तुम मुस्कुरा कर देखते हो कभी-कभार,
बस उतने में ही सिमट जाता है मेरा पूरा संसार।
तुम्हें खबर भी नहीं कि मेरी हर दुआ में तुम हो,
मेरी खामोशियों में, मेरी बेधड़क बातों में तुम हो।
मैं तुम्हें दूर से देखकर ही खुश हो लेता हूँ,
तुम्हारी हँसी की गूँज अपने दिल में संजो लेता हूँ।
पाने की कोई चाहत नहीं, न खोने का कोई डर है,
यह एकतरफा ही सही, पर मेरा सबसे हसीन सफर है।
तुम किसी और की तकदीर हो, यह जानता हूँ मैं,
फिर भी इस दिल की हर धड़कन में तुम्हें ही मानता हूँ मैं।
माँगूं भी तो खुदा से भला क्या माँगूं तुम्हारे सिवा?
तुम्हारी खुशी में ही अब मेरी हर खुशी का बसर है।
कोई शिकवा नहीं कि तुम्हें मुझसे मोहब्बत नहीं,
इस सादगी भरे इश्क को किसी गवाह की जरूरत नहीं।
तुम खुश रहो अपनी दुनिया में, बस यही मन्नत है मेरी,
क्योंकि मेरे इस खालीपन में भी, सिर्फ तुम्हारी ही हुकूमत है।