[female vocals] ओह
हो,
चां
द,
ओ
चां
द
मे
रे
दि
ल
का
नू
र
ये
क्
या
हु
आ,
ये
कै
सा
ख़्
वा
ब
रं
ग
ला
या
मैं
ने
आज
चां
द
को
छू
लि
या
जो
कल
तक
था
बस
दू
र
फलक
का
सपना
उसे
सि
मट
कर
अपनी
आगो
श
में
पा
लि
या
रा
तों
की
तन्
हा
ई
में
जो
चमकता
था
जि
सकी
शी
तल
रो
शनी
में
दि
ल
बहलता
था
आज
उस
नू
र
की
ठं
डक
को
हा
थों
में
महसू
स
कि
या
हाँ,
मैं
ने
आज
चां
द
को
छू
लि
या
ये
क्
या
हु
आ,
मैं
ने
आज
चां
द
को
छू
लि
या
अपनी
बा
हों
में,
सा
रा
आसमा
न
भर
लि
या
ये
क्
या
हु
आ,
मैं
ने
आज
चां
द
को
छू
लि
या
मु
श्
कि
ल
था
जो
सफर,
उसे
मु
कम्
मल
कर
लि
या
पाँ
व
ज़
मीं
पर
हैं,
पर
रू
ह
उड़
रही
है
ख्
वा
हि
शों
की
एक
नई
दु
नि
या
सज
रही
है
असं
भव
सा
लगता
था
जो
सफर
कल
तक
उसे
एक
पल
में
मु
कम्
मल
कर
दि
या
क्
या
बा
त
है,
ये
कै
सी
चां
दनी
छा
ई
है
ते
री
या
दों
ने
फि
र
से
दु
नि
या
सजा
ई
है
ये
क्
या
हु
आ,
मैं
ने
आज
चां
द
को
छू
लि
या
अपनी
बा
हों
में,
सा
रा
आसमा
न
भर
लि
या
ये
क्
या
हु
आ,
मैं
ने
आज
चां
द
को
छू
लि
या
मु
श्
कि
ल
था
जो
सफर,
उसे
मु
कम्
मल
कर
लि
या
ये
महज़
एक
ता
रा
नहीं,
मे
री
हि
म्
मत
का
जवा
ब
है
हर
उस
को
शि
श
की
जी
त,
जो
एक
हसीं
ख़्
वा
ब
है
अं
धे
रों
से
डरकर
जो
कभी
थमा
नहीं
आज
उसने
आसमां
को
अपना
बना
लि
या
सु
न
ना,
धड़
कनें
भी
अब
गी
त
गा
ती
हैं
ते
री
मौ
जू
दगी
से
शा
में
भी
मु
स्
का
ती
हैं
ख्
वा
बों
का
का
रवां
अब
रु
कता
नहीं
है
ते
री
चा
हत
में,
दि
ल
झु
कता
नहीं
है
धू
म
मचा
ई
है
इस
सा
की
ने
आज
फि
र
चां
द
को
छु
आ
है,
जै
से
हो
को
ई
जहा
न
फि
र
ये
क्
या
हु
आ,
मैं
ने
आज
चां
द
को
छू
लि
या
अपनी
बा
हों
में,
सा
रा
आसमा
न
भर
लि
या
ये
क्
या
हु
आ,
मैं
ने
आज
चां
द
को
छू
लि
या
मु
श्
कि
ल
था
जो
सफर,
उसे
मु
कम्
मल
कर
लि
या
मैं
ने
आज
चां
द
को
छू
लि
या
हाँ,
मैं
ने
आज
चां
द
को
छू
लि
या
अब
तू
है
पा
स,
और
रू
ह
को
सु
कू
न
मि
ला
ये
क्
या
हु
आ,
ये
कै
सा
ख़्
वा
ब
रं
ग
ला
या
मैं
ने
आज
चां
द
को
छू
लि
या